लाल किताब
बृहस्पति, बुध और अन्य तीसरा ग्रह
बृहस्पति + बुध + शनि
तीनो सिवाय नंबर 12 के, अगर बुध मंदा हो तो मंदी काग रेखा होगी (हर तरफ तंगी और निर्धनी और दुखो का अम्बार बोझ लगा हुआ होगा) | जुबान का चस्का खराबी का कारण बनकर बर्बादी देगा खासकर नंबर 1 में होने के वक्त | लेकिन अगर बुध उम्दा हो तो उत्तम मच्छ रेखा और हर तरफ धन-दौलत की बरकत और परिवार बढे |
जब तीनो 12 में हो तो निहायत भला और उत्तम फल होगा | अब बुध आबे हयात (अमृतकुंड) होगा जो रात के वक्त भी गुमनाम चौकीदार बन कर टेवे वाले की सब मालो दौलत और परिवार की रक्षा करेगा |
बृहस्पति + बुध + राहु
माया का राखा | अपने लिए कंजूस ख़्वाह लखपति ही क्यों न हो खासकर जब तीनो नंबर 12 में हो | मगर खुद निर्धन न होगा |
बृहस्पति + बुध + केतु
मर्द की माया, राज और दरख्त का साया साथ ही चलता होगा | यानि अपनी किस्मत हर जगह माथे पर साथ देती होगी खासकर जब तीनो नंबर 2 में हो | यानि उसकी अपनी किस्मत हर जगह मदद देती होगी | और दौलत परिवार का सुख लेने वाला होगा |
S Kuber RA
Jyotish Acharaya
Vedic & Lal Kitab Astrologer
Lal Kitab Vastu Consultant